Gastroenteritis in Hindi गैस्ट्रोएंटेराइटिस: लक्षण, कारण, डायगनोसिस और उपचार

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Gastroenteritis in Hindi गैस्ट्रोएंटेराइटिस: लक्षण, कारण, डायगनोसिस और उपचार

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What is Gastroenteritis in Hindi – गैस्ट्रोएंटेराइटिस क्या है?

गैस्ट्रोएंटेराइटिस एक आम विकार है जिसे पेट के फ्लू के रूप में भी जाना जाता है। छोटे बच्चों में गैस्ट्रोएंटेराइटिस ज्यादा होता है। इसके लक्षणों में दस्त, उल्टी आदि शामिल हैं। माइक्रोओर्गनिस्म के अटैक इसके मुख्य कारणों में से एक हैं| गैस्ट्रोएंटेराइटिस शरीर की इम्युनिटी को प्रभावित करता है। यह बुखार पैदा करने में भी सक्षम है। बच्चों में इससे सुस्ती और पेट दर्द के साथ काले और पानी वाला मल आदि की समस्या होती है।

How does Gastroenteritis affect the body in Hindi – गैस्ट्रोएंटेराइटिस शरीर को कैसे प्रभावित करता है?

गैस्ट्रोएंटेराइटिस का कारण बनने वाले वायरस पेट और आंत की लाइनिंग वाले सेल्स पर अटैक करके उन्हें नुकसान पहुंचाते हैं जिससे तरल पदार्थ का बहाव होता है। इससे दस्त और उल्टी होती है और बाद डीहाईडरेशन हो जाता है। डीहाईडरेशन शरीर में पानी की कमी और कमजोरी का और बार बार पेशाब आने का कारण बनता है।

What are the causes of Gastroenteritis in Hindi – गैस्ट्रोएंटेराइटिस के कारण क्या हैं?

गैस्ट्रोएंटेराइटिस के कारण में कई माइक्रोओर्गनिस्म शामिल होते हैं। ये आमतौर पर बैक्टीरिया या वायरस होते हैं। रोटावायरस सबसे आम वायरस है जो बच्चों में गैस्ट्रोएंटेराइटिस का कारण बनता है।

नोरोवायरस की वजह से वयस्कों में गैस्ट्रोएंटेराइटिस हो सकता है| इसके अन्य स्रोतों में दूषित भोजन या पानी के संपर्क आना शामिल हैं। अस्वस्थ व्यवहार से भी गैस्ट्रोएंटेराइटिस भी हो सकता है।

What are the risk factors of Gastroenteritis in Hindi – गैस्ट्रोएंटेराइटिस से खतरे के मुख्य कारक क्या हैं?

गैस्ट्रोएंटेराइटिस से खतरे के कारकों के बारे में जानने के लिए नीचे पढ़ें|

  • उम्र: शिशुओं और छोटे बच्चों को उनकी इम्मच्योर इम्यून सिस्टम के कारण खतरा बढ़ जाता है और कमजोर इम्यून सिस्टम के कारण बुजुर्गों में इसका खतरा बढ़ जाता है।
  • एचआईवी या एड्स या कैंसर जैसी बीमारी या इसके उपचार (जैसे कीमोथेरेपी) के कारण कमजोर हो चुके इम्यून सिस्टम वाले रोगियों में इसका खतरा होता है|
  • जो लोग भीड़-भाड़ वाले इलाकों में रहते हैं।
  • यात्रा (विशेषकर उन जगहों में जहाँ पानी और भोजन दूषित हो सकता है)।
  • सर्दियों में गैस्ट्रोएंटेराइटिस होने का खतरा ज्यादा होता है।

What are the symptoms of Gastroenteritis in Hindi – गैस्ट्रोएंटेराइटिस के लक्षण क्या हैं?

गैस्ट्रोएंटेराइटिस के लक्षणों में निम्न शामिल हो सकते हैं।

  • मुंह में ओरल कैविटी का डीहाईडरेशन और सूखापन इसमें शामिल हैं| यह पानी की कमी और प्यास लगने का कारण भी बन सकता है।
  • इसके अन्य लक्षणों में लगातार दस्त होना भी शामिल हैं।
  • गैस्ट्रोएंटेराइटिस के कारण रोगी को हल्का बुखार भी हो सकता है। यह सुस्ती पैदा करने में भी सक्षम हैं।

What is the diagnosis available in Hindi – इसकी पहचान कैसे होती है?

गैस्ट्रोएंटेराइटिस की पहचान निम्नानुसार की जा सकती है।

  • डॉक्टर मरीज के मेडिकल इतिहास, शारीरिक परीक्षण, खून और मल का परीक्षण कराते हैं|
  • बैक्टीरिया या वायरस की उपस्थिति के लिए नमूनों की जाँच की जा सकती है। इसके स्रोतों को पहचानना और कम करना चाहिए।

What are the measures for prevention and control in Hindi – इससे रोकथाम और कण्ट्रोल करने के क्या उपाय हैं?

गैस्ट्रोएंटेराइटिस के इलाज और इसे रोकने के लिए जो उपाय जरूरी हो सकते हैं वे निम्न हो सकते हैं।

  • साफ़ रहें, अपने हाथों को अच्छी तरह से धोएं। अच्छी तरह पचने वाला भोजन करें।
  • स्ट्रीट फूड और गन्दगी के स्रोतों से बचें।
  • फूड पॉइजनिंग से हर कीमत पर बचना चाहिए।

What are the measures for prevention and control in Hindi – गैस्ट्रोएंटेराइटिस के लिए उपचार के अन्य आप्शन क्या हो सकते हैं?

गैस्ट्रोएंटेराइटिस के इलाज़ के लिए अन्य आप्शन भी मिलते हैं। आम तौर पर गैस्ट्रोएंटेराइटिस केवल कुछ दिनों तक रहता है। इसलिए डॉक्टर के पास जाने और दवा लेने के बजाय आराम की जरूरत होती है। लेकिन यदि  लक्षण दूर नहीं होते हैं या लगातार गंभीर बने रहते हैं तो आपको अपने डॉक्टर से सलाह करनी होगी|

रोगी को तरल पदार्थ का सेवन बढ़ाने की सलाह दी जाती है। यदि जरूरी हो तो रोगी को अस्पताल में भर्ती किया जाना चाहिए और गंभीर मामलों में आईवी फ्लूइड रिप्लेसमेंट चिकित्सा दी जा सकती है।

Gastroenteritis – Lifestyle Tips in Hindi – गैस्ट्रोएंटेराइटिस – लाइफस्टाइल टिप्स

गैस्ट्रोएंटेराइटिस के रोगियों के लिए लाइफ स्टाइल टिप्स इस प्रकार हैं।

  • आराम करें और ज्यादा से ज्यादा तरल पदार्थ लें|
  • डिहाइड्रेशन से बचने के लिए खूब पानी पिएं। डिहाइड्रेशन से अर्रीथ्मिया हो सकता है जोकि दिल की धड़कन अनियमित होना है।
  • इसलिए सावधानी बरतें और दूषित भोजन या पीने से बचें।
  • हमेशा हाइजेनिक रहें|

What are the recommended exercise in Hindi – गैस्ट्रोएंटेराइटिस के लिए क्या व्यायाम हैं?

गैस्ट्रोएंटेराइटिस के लिए कोई विशेष व्यायाम नहीं हैं। चूंकि यह बाहरी माइक्रोओर्गानिज्म के अटैक से होता है, इसलिए यह शरीर के इम्यून सिस्टम को कमजोर कर देता है। बीमारी के दौरान व्यायाम करने की सलाह नहीं दी जाती। यह बार बार शौचालय जाने का कारण बन सकता है। गैस्ट्रोएंटेराइटिस के ठीक होने के बाद अपने वर्कआउट को फिर से शुरू करें|

What are the interactions with diseases and pregnancy in Hindi – बीमारियों और गर्भावस्था के साथ इसका क्या इंटरेक्शन है?

यह बीमारियों और गर्भावस्था के साथ इंटरेक्शन कर सकते हैं। गर्भावस्था के दौरान गैस्ट्रोएंटेराइटिस मुश्किल हालात पैदा कर सकता है। इसलिए ऐसे मामले में अपने डॉक्टर से संपर्क करें। बाहरी दवा बिलकुल भी न लें| और ऐसा करने की आपकी सलाह तक।

अन्य बीमारियों के मामले में गैस्ट्रोएंटेराइटिस कभी-कभी पेट में खूनी अल्सर के साथ इंटरेक्शन कर सकता है। यदि ऐसा कोई मामला हो तो सावधानी बरतें। खूनी मल के मामले में अपने डॉक्टर से संपर्क करें।

What are the common complications of Gastroenteritis in Hindi – गैस्ट्रोएंटेराइटिस से होने वाली सामान्य मुश्किलें क्या हैं?

गैस्ट्रोएंटेराइटिस से होने वाली कई सामान्य जटिलताएँ हैं। गैस्ट्रोएन्टेरिटिसिस रोगी में गंभीर डिहाइड्रेशन का कारण बन सकता है। यदि लम्बे समय तक इसे  नजरअंदाज किया जाता है तो डिहाइड्रेशन और खराब हो जाता है|

अन्य मुश्किलों में शरीर में पानी की कमी से अर्रीथमिअस हो सकती है। अर्रीथमिअस का मतलब है कि दिल की धड़कन अनियमित होना|

FAQS – सामान्य प्रश्न

इसे खत्म होने में कितना समय लगता है?

गैस्ट्रोएंटेराइटिस 1 से 3 दिनों की अवधि तक रहता है।

गैस्ट्रोएंटेराइटिस के मरीजों के लिए क्या आहार लेने की सलाह दी जाती है?

ऐसे आहार भोजन में शामिल करें जो पचाने में आसान हो।

क्या गैस्ट्रोएंटेराइटिस खतरनाक हो सकता है?

हां, गंभीर मामलों में यह जानलेवा भी हो सकता है। ऐसे मामले को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए। जितनी जल्दी हो सके गंभीर प्रतिक्रियाओं के बाद डॉक्टर को रिपोर्ट करें।

गैस्ट्रोएंटेराइटिस कब तक संक्रामक होगा?

यह 12 से 48 घंटों तक संक्रामक हो सकता है।

क्या गैस्ट्रोएंटेराइटिस के कारण मरीज में थकान हो सकती है?

चूंकि यह माइक्रोओर्गानिस्म का अटैक होता है इसलिए बुखार एक प्रतिक्रिया के रूप में होता है और गैस्ट्रोएंटेराइटिस रोगी में थकान भी पैदा हो सकती है।

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